बलरामपुर।जिले के तुलसीपुर सरकारी अस्पताल में डॉक्टर की बड़ी लापरवाही सामने आई है। प्रसूता के पति *पवन कुमार मिश्रा* ने अस्पताल के *डॉ. आलोक सिंह* पर गंभीर आरोप लगाए हैं। पवन मिश्रा ने बताया कि उनकी पत्नी 6 माह की गर्भवती थी, तबीयत खराब होने पर उसे तुलसीपुर सरकारी अस्पताल में भर्ती कराया गया। डॉक्टर ने बताया कि गर्भ में बच्चे की मौत हो चुकी है और ऑपरेशन कर बच्चे को बाहर निकालना पड़ेगा। आरोप है कि ऑपरेशन के दौरान डॉक्टर ने लापरवाही बरतते हुए प्रसूता की *बड़ी आंत काट दी* और मृत बच्चे को गर्भ में ही छोड़ दिया, जिससे प्रसूता की हालत और बिगड़ गई। जब पवन कुमार मिश्रा अपनी पत्नी को दूसरे अस्पताल ले जा रहे थे, तभी रास्ते में ही मृत बच्चे की डिलीवरी हो गई। बाद में पत्नी को गोंडा और फिर लखनऊ रेफर किया गया। वह अभी जीवित है लेकिन हालत नाजुक बनी हुई है। पवन मिश्रा ने डॉक्टर पर धमकी देने और समझौते का दबाव बनाने का भी आरोप लगाते हुए FIR की मांग की है। *पीड़ित के साथ खड़े हुए हनुमान प्रसाद -* इस मामले में अब *किसान मजदूर संघर्ष पार्टी के राष्ट्रीय अध्यक्ष हनुमान प्रसाद* पीड़ित पति पवन कुमार मिश्रा को न...
मुख्यमंत्री जनता दरबार पहुंची बांदा जिले की पीड़िता न्याय के लिए दर-दर भटकने को मजबूर जिला प्रशासनन्याय दिलाने में कर रहा है देरी। पूरे उत्तर प्रदेश में अपराध पर लगाम लगाने के लिए सरकार लगातार प्रयास कर रही है फिर भी अराजक तत्व और बलात्कारियों पर लगाम नहीं लग पा रहे हैं मामला बांदा जिले का है साडे 16 वर्ष की बच्ची के साथ 30 मई 2022 को 5 लोगों द्वारा बलात्कार होता है बहुत संघर्ष के बाद मामला दर्ज होता है लेकिन इसके बावजूद गिरफ्तारी केवल एक बलात्कारी की होती है आखिर प्रशासन मौन क्यों है राजधानी लखनऊ में पीड़िता द्वारा और उसके पूरे परिवार द्वारा लगातार प्रयास किया जा रहा है जनता दरबार से भी कोई न्याय नहीं मिलता है
इतना ही नहीं लगातार अपराधियों के द्वारा पीड़ित परिवार को धमकाया जा रहा है कि मैंने पुलिस को खरीद लिया है कोई मेरा कुछ नहीं कर पाएगा मेरे खिलाफ अगर ज्यादा पैरवी किया तो पूरे परिवार को अंजाम भुगतना पड़ेगा इससे साफ जाहिर होता है की अपराधियों के हौसले बुलंद हैं और जिला प्रशासन मौन है आखिर इन बलात्कारियों को कौन सजा देगा समाज या न्यायपालिका, मीडिया सेल लखनऊ में बात करते हुए पीड़िता ने बताया कि जिला प्रशासन द्वारा किसी तरह का सहयोग नहीं मिल रहा है उल्टे जेल भेजने की धमकी दी जा रही है आखिर न्याय की उम्मीद सिर्फ और सिर्फ प्रदेश के मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी से ही बची है।

Comments
Post a Comment