लखनऊ, । हिन्दी दिवस के अवसर पर उत्तर प्रदेश प्रेस क्लब, कैसरबाग, लखनऊ में 24 ग्रंथों के रचनाकार, चिंतक एवं साहित्यकार डॉ. विद्यासागर उपाध्याय की दो बहुचर्चित कृतियों—‘संक्रान्ति का संहार’ एवं ‘काल यात्रा : वेद से बर्लिन तक’—का भव्य लोकार्पण हुआ। इस अवसर पर आयोजित साहित्यिक परिचर्चा में इतिहास, भारतीय ज्ञान-परंपरा, सांस्कृतिक चेतना और आधुनिक विश्व के संदर्भ में साहित्य की भूमिका पर गंभीर विमर्श हुआ। उत्तर प्रदेश प्रेस क्लब के खचाखच भरे हाल में पेशवा बाजीराव के वंशज एवं कार्यक्रम के मुख्य अतिथि श्रीमंत राजराजेश्वर प्रभाकर नारायणराव पेशवा ने कहा कि डॉ. विद्यासागर उपाध्याय ने ‘संक्रान्ति का संहार’ के माध्यम से इतिहास के उस महत्वपूर्ण अध्याय को साहित्य के केंद्र में लाने का उल्लेखनीय कार्य किया है, जिससे पेशवा परिवार और उनके पूर्वजों की गौरवशाली ऐतिहासिक परंपरा भी गहराई से जुड़ी हुई है। उन्होंने कहा कि इतिहास के किसी व्यक्तित्व या वंश का उल्लेख इतिहास-ग्रंथों में होना एक बात है, लेकिन साहित्यकार अपनी लेखनी के माध्यम से जब उन पात्रों को संवेदना, संघर्ष और म...
उत्तर प्रदेश में फर्जी प्रमाणपत्र लगाकर नौकरी पाने वाले शिक्षकों पर बड़ी कार्रवाई हुई है। शनिवार को एटा और मैनपुरी जिले में 190 फर्जी शिक्षकों को बर्खास्त कर दिया गया। शासन के निर्देश पर हुई जांच में इन शिक्षकों के बीएड के प्रमाणपत्र फर्जी पाए गए थे। मैनपुरी जनपद में एसआईटी द्वारा फर्जी घोषित किए गए 74 शिक्षक शनिवार को बर्खास्त कर दिए गए। सभी के खिलाफ रिपोर्ट दर्ज कराने के निर्देश खंड शिक्षाधिकारियों को दिए गए हैं। ये शिक्षक पिछले 10 साल से बेसिक शिक्षा विभाग में नौकरी कर रहे थे। डॉ. भीमराव आंबेडकर विश्वविद्यालय से वर्ष 2004-05 में बीएड करने वाले जिले के 78 शिक्षकों को एसआईटी ने फर्जी घोषित किया था। नवंबर 2017 में एसआईटी ने इन शिक्षकों की बर्खास्तगी के लिए सीडी बीएसए कार्यालय को भेजी थी 33 शिक्षकों के बीएड अंकपत्र हैं फर्जी शेष चार शिक्षकों को अभी प्रथम बर्खास्तगी नोटिस ही जारी किया जा सका है। जबकि बर्खास्त किए गए सभी 74 शिक्षकों को तीन बार बर्खास्गी नोटिस जारी किए गए। बर्खास्त किए गए शिक्षकों में से 33 शिक्षकों का बीएड अंकपत्र फर्जी है। वहीं 41 शिक्षकों ...