लखनऊ, । हिन्दी दिवस के अवसर पर उत्तर प्रदेश प्रेस क्लब, कैसरबाग, लखनऊ में 24 ग्रंथों के रचनाकार, चिंतक एवं साहित्यकार डॉ. विद्यासागर उपाध्याय की दो बहुचर्चित कृतियों—‘संक्रान्ति का संहार’ एवं ‘काल यात्रा : वेद से बर्लिन तक’—का भव्य लोकार्पण हुआ। इस अवसर पर आयोजित साहित्यिक परिचर्चा में इतिहास, भारतीय ज्ञान-परंपरा, सांस्कृतिक चेतना और आधुनिक विश्व के संदर्भ में साहित्य की भूमिका पर गंभीर विमर्श हुआ। उत्तर प्रदेश प्रेस क्लब के खचाखच भरे हाल में पेशवा बाजीराव के वंशज एवं कार्यक्रम के मुख्य अतिथि श्रीमंत राजराजेश्वर प्रभाकर नारायणराव पेशवा ने कहा कि डॉ. विद्यासागर उपाध्याय ने ‘संक्रान्ति का संहार’ के माध्यम से इतिहास के उस महत्वपूर्ण अध्याय को साहित्य के केंद्र में लाने का उल्लेखनीय कार्य किया है, जिससे पेशवा परिवार और उनके पूर्वजों की गौरवशाली ऐतिहासिक परंपरा भी गहराई से जुड़ी हुई है। उन्होंने कहा कि इतिहास के किसी व्यक्तित्व या वंश का उल्लेख इतिहास-ग्रंथों में होना एक बात है, लेकिन साहित्यकार अपनी लेखनी के माध्यम से जब उन पात्रों को संवेदना, संघर्ष और म...
धन भले ही जीवन के सुख का आधार नहीं हो सकता है लेकिन तमाम तरह के सुख को पाने में इसकी बहुत जरूरत होती है। रोटी, कपड़ा और मकान जैसी प्राथमिक जरूरतों को पूरा करने से लेकर तमाम तरह की सुख-सुविधाएं हासिल करने के लिए इंसान सुबह से शाम तक खून-पसीना बहाता है। लेकिन पैसा कमाने से पहले उससे जुड़ी इन 08 बातों का जानना बहुत जरूरी है ...
वॉरेन बफे
- किसी भी व्यक्ति का खर्च हमेशा उसकी कमाई से कम ही रहना चाहिए। इसके लिए फिजूलखर्ची पर लगाम लगानी होगी। उसे अपनी जरूरतों और ख्वाहिशों में अंतर समझना हो
- महात्मा गांधी
- जो लोग समय बचाते हैं, वे धन बचाते हैं और बचाया हुआ धन, कमाए हुए धन के बराबर होता है।
- चाणक्य
- गंदे वस्त्र धारण करने वाले, दांत न साफ करने वाले, पेटू व्यक्ति, कड़वे वचन वाले और ऊषा काल यानी सूर्योदय के बाद और सूर्यास्त के समय सोने वाले व्यक्ति के पास कभी लक्ष्मी नहीं ठहरतीं।
- कबीर
- उल्टी खोपड़ी वाला व्यक्ति धन को लेकर कभी संतुष्ट नहीं होता, वह हमेशा इसी फेर में लगा रहता है कि तीनों लोकों की संपत्ति कब उसके पास आ जाएगी ।
- विदुर
- धन उत्तम कर्मों से उत्पन्न होता है, प्रगल्भता से बढ़ता है, चतुराई से फलता-फूलता है और संयम से सुरक्षित होता है।
- होरेस
- पैसा आपका सेवक है, यदि आप उसका उपयोग जानते हैं, वह आपका स्वामी है, यदि आप उसका उपयोग नहीं जानते।
- जोनाथन स्विफ्ट
- एक बुद्धिमान व्यक्ति को पैसा दिमाग में रखना चाहिए, दिल में नहीं।
- चार्ल्स ए. जैफ्फ
- आपका वेतन आपको अमीर नहीं बनाता, आपकी खर्च करने की आदत बनाती है।
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