देश में लगातार कोरोना के मामलों में इजाफा हो रहा है। भारत में अब तक 4,370,128 से ज्यादा केस सामने आ चुके हैं। वहीं देश के सभी राज्यों ने ज्यादातर पाबंदियों को हटा दिया है। इसी बीच स्वास्थ्य मंत्रालय ने स्कूल और कॉलेजों की परीक्षाओं को लेकर नई गाइडलाइन जारी कर दी। जिसमें परीक्षा के समय सावधानी के कई नियमों के बारे में बताया गया है। मंत्रालय ने साफ किया है कि सभी को छींकते या खांसते समय मुंह ढंंकना होगा। साथ ही किसी भी जगह थूकने की इजाजत नहीं है। जो छात्र कोरोना से पीड़ित हैं उन भी विचार चल रहा है। जो छात्र कंटेनमेंट जोन में हैं, उन पर परीक्षा एजेंसियां को विचार करने को कहा गया है जिसमें विश्वविद्यालय भी शामिल हैं। सभी स्टाफ के साथ परीक्षार्थियों को अपने स्वास्थ्य की जानकारी देनी पड़ सकती है। साथ ही स्वास्थ्य मंत्रालय ने कहा कि परीक्षार्थियों को इस बारे में जानकारी दे दी जाएगी, एडमिट कार्ड के साथ उन्हें पानी और सैनिटाइजर जैसी कौन सी वस्तुएं ले जाने की अनुमति होगी। मंत्रालय ने कहा कि परीक्षार्थियों के साथ बड़ी संख्या में अभिवावक भी आते हैं, वे लगातार वहीं रहते हैं, उस दौरान सुरक्षा मानकों का ध्यान रखना बहुत जरूरी होगा। उन्हें शारीरिक दूरी के साथ मास्क लगाना होगा। स्वास्थ्य मंत्रालय के अधिकारी के मुताबिक भारत में कोरोना वायरस के मरीज लगातार बढ़ रहे हैं। इस के मद्देनजर भीड़ से बचने के लिए परीक्षाएं टुकड़ों में कराई जा सकती हैं।
यूपी प्रेस क्लब में आयोजित पत्रकार वार्ता में निजी आईटीआई संस्थानों के प्रतिनिधियों ने सरकार के समक्ष 6 प्रमुख मांगें रखीं। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि मांगें नहीं मानी गईं तो 15 मई, शुक्रवार सुबह 10 बजे प्रदेश भर के प्रशिक्षक, प्रबंधक और छात्र निदेशालय पर एकत्र होकर अनिश्चितकालीन धरना देंगे।
प्रतिनिधियों ने कहा कि कौशल विकास में निजी ITI की भूमिका महत्वपूर्ण रही है, लेकिन मौजूदा नीतियों से संस्थानों की आर्थिक और प्रशासनिक स्थिति प्रभावित हो रही है।
*प्रमुख मांगें:*
1. *फीस वृद्धि तत्काल लागू हो:* हरियाणा मॉडल के अनुरूप इसी सत्र से फीस बढ़ाई जाए। बढ़ती संचालन लागत, वेतन और रखरखाव के कारण पुरानी फीस पर संचालन कठिन है।
2. *निम्स पोर्टल पर नोडल वेरिफिकेशन खत्म हो:* पैन, आधार, OTP आधारित e-KYC के बाद अतिरिक्त नोडल वेरिफिकेशन अनावश्यक और शोषणकारी है।
3. *थर्ड शिफ्ट बहाल हो:* दिन में नौकरी करने वाले हजारों छात्रों को शाम की शिफ्ट न होने से प्रशिक्षण नहीं मिल पा रहा।
4. *PMKVY 5.0 में भागीदारी मिले:* निजी संस्थानों के पास संसाधन और अनुभवी स्टाफ होने के बावजूद योजनाओं में भागी...
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