चर्चित सोशल मीडिया एप टिकटॉक अकाउंट ब्लॉक किए जाने से परेशान तीन युवाओं को बॉम्बे हाईकोर्ट से राहत मिली है। हाईकोर्ट ने अपने फैसले में कहा कि साइबर सेल के पास इन युवाओं के टिकटॉक अकाउंट पर रोक लगाने का कोई अधिकार नहीं है।पिछले सप्ताह अदालत के आदेश बाद फैसू, हसनैन और शादान के टिकटॉक अकाउंट पर लगी रोक हटा ली गई। तीन युवाओं पर नफरते वाले वीडियो बनाने और इसे टिकटॉक पर अपलोड करने का आरोप था। इस संबंध मिली एक शिकायत के बाद पिछले साल जुलाई में मुंबई पुलिस की साइबर सेल के निर्देश पर तीनों के टिकटॉक अकाउंट ब्लॉक कर दिए गए थे। साइबर सेल ने तर्क दिया था कि इनके वीडियो से धार्मिक सौहार्द बिगड़ सकता है। हालांकि, पिछले साल अगस्त में हाईकोर्ट ने तीनों को अग्रिम जमानत दे दी थी। बावजूद इनके सोशल मीडिया अकाउंट पर लगी रोक नहीं हटी थी। पिछले सप्ताह रोक हटाने का निर्देश देते हुए हाईकोर्ट ने कहा कि साइबर सेल के पास टिकटॉक अकाउंट बंद कराने का अधिकार नहीं है।
यूपी प्रेस क्लब में आयोजित पत्रकार वार्ता में निजी आईटीआई संस्थानों के प्रतिनिधियों ने सरकार के समक्ष 6 प्रमुख मांगें रखीं। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि मांगें नहीं मानी गईं तो 15 मई, शुक्रवार सुबह 10 बजे प्रदेश भर के प्रशिक्षक, प्रबंधक और छात्र निदेशालय पर एकत्र होकर अनिश्चितकालीन धरना देंगे।
प्रतिनिधियों ने कहा कि कौशल विकास में निजी ITI की भूमिका महत्वपूर्ण रही है, लेकिन मौजूदा नीतियों से संस्थानों की आर्थिक और प्रशासनिक स्थिति प्रभावित हो रही है।
*प्रमुख मांगें:*
1. *फीस वृद्धि तत्काल लागू हो:* हरियाणा मॉडल के अनुरूप इसी सत्र से फीस बढ़ाई जाए। बढ़ती संचालन लागत, वेतन और रखरखाव के कारण पुरानी फीस पर संचालन कठिन है।
2. *निम्स पोर्टल पर नोडल वेरिफिकेशन खत्म हो:* पैन, आधार, OTP आधारित e-KYC के बाद अतिरिक्त नोडल वेरिफिकेशन अनावश्यक और शोषणकारी है।
3. *थर्ड शिफ्ट बहाल हो:* दिन में नौकरी करने वाले हजारों छात्रों को शाम की शिफ्ट न होने से प्रशिक्षण नहीं मिल पा रहा।
4. *PMKVY 5.0 में भागीदारी मिले:* निजी संस्थानों के पास संसाधन और अनुभवी स्टाफ होने के बावजूद योजनाओं में भागी...
Comments
Post a Comment