इंडियन प्रीमियर लीग (आईपीएल) के 13वें सीजन में सबसे उम्रदराज खिलाड़ी प्रवीण तांबे को डिस्क्वालिफाई कर दिया है। उन्होंने 2018 में क्रिकेट से संन्यास लेकर शारजाह में टी-10 लीग में खेला था। हालांकि बाद में उन्होंने अपना संन्यास वापस ले लिया था। उन्होंने कुछ और विदेशी टी-20 लीग भी खेला था जिसको लेकर यह कार्रवाई की गई है। बीसीसीसी के नियमों के अनुसार कोई भी खिलाड़ी बिना संन्यास लिए विदेशी लीग में भाग नहीं ले सकता।
आईपीएल के 13वें सीजन के लिए तांबे को कोलकाता नाइट राइडर्स ने उनकी बेस प्राइस 20 लाख में खरीदा था। तांबे पिछली बार 2016 में इस लीग में खेले थे। आईपीएल अध्यक्ष बृजेश पटेल के अनुसार तांबे के खिलाफ की गई बोर्ड द्वारा कार्रवाई की जानकारी केकेआर की फ्रेंचा को दे दी गई है। तांबे आईपीएल में नहीं खेल पाएंगे।
प्रवीण तांबे ने साल 2018 में संन्यास का एलान करते हुए मुंबई क्रिकेट संघ (एमसीए) को इस्तीफा दे दिया था। विदेशी लीग खेलने के बाद उन्होंने इस्तीफा वापस लेकर मुंबई लीग में भाग लिया था
यूपी प्रेस क्लब में आयोजित पत्रकार वार्ता में निजी आईटीआई संस्थानों के प्रतिनिधियों ने सरकार के समक्ष 6 प्रमुख मांगें रखीं। उन्होंने चेतावनी दी कि यदि मांगें नहीं मानी गईं तो 15 मई, शुक्रवार सुबह 10 बजे प्रदेश भर के प्रशिक्षक, प्रबंधक और छात्र निदेशालय पर एकत्र होकर अनिश्चितकालीन धरना देंगे।
प्रतिनिधियों ने कहा कि कौशल विकास में निजी ITI की भूमिका महत्वपूर्ण रही है, लेकिन मौजूदा नीतियों से संस्थानों की आर्थिक और प्रशासनिक स्थिति प्रभावित हो रही है।
*प्रमुख मांगें:*
1. *फीस वृद्धि तत्काल लागू हो:* हरियाणा मॉडल के अनुरूप इसी सत्र से फीस बढ़ाई जाए। बढ़ती संचालन लागत, वेतन और रखरखाव के कारण पुरानी फीस पर संचालन कठिन है।
2. *निम्स पोर्टल पर नोडल वेरिफिकेशन खत्म हो:* पैन, आधार, OTP आधारित e-KYC के बाद अतिरिक्त नोडल वेरिफिकेशन अनावश्यक और शोषणकारी है।
3. *थर्ड शिफ्ट बहाल हो:* दिन में नौकरी करने वाले हजारों छात्रों को शाम की शिफ्ट न होने से प्रशिक्षण नहीं मिल पा रहा।
4. *PMKVY 5.0 में भागीदारी मिले:* निजी संस्थानों के पास संसाधन और अनुभवी स्टाफ होने के बावजूद योजनाओं में भागी...
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