होमी भाभा कैंसर अस्पताल एवं महामना पंडित मदन मोहन मालवीय कैंसर केंद्र (HBCH & MPMMCC), वाराणसी में कैनकिड्स किड्सकैन तथा एक्सिस बैंक के सहयोग से पीडियाट्रिक ऑन्कोलॉजी नर्सेज़ वर्कशॉप का सफल आयोजन किया गया। कार्यशाला का उद्देश्य बाल कैंसर रोगियों की देखभाल में कार्यरत नर्सिंग अधिकारियों के ज्ञान, कौशल एवं व्यावहारिक दक्षता को सुदृढ़ बनाना था। कार्यक्रम का आयोजन डॉ. अमिता महेश्वरी, निदेशक, HBCH एवं MPMMCC के संरक्षण में किया गया। कार्यक्रम में डॉ. बी.के. मिश्रा, उप निदेशक, डॉ. शशिकांत पाटने, डीन अकादमिक्स, डॉ. राघवेश रंजन, प्रभारी, पीडियाट्रिक ऑन्कोलॉजी विभाग, तथा डॉ. सौमित्र साहा, प्रोफेसर, पीडियाट्रिक सर्जरी विभाग की महत्वपूर्ण सहभागिता रही। कार्यशाला का शुभारम्भ पंजीकरण एवं प्री-टेस्ट के साथ हुआ। इस अवसर पर डॉ. योगिता भाटिया ने कैनकिड्स किड्सकैन की गतिविधियों एवं बाल कैंसर देखभाल में प्रशिक्षित नर्सिंग स्टाफ की महत्वपूर्ण भूमिका पर प्रकाश डाला। कार्यशाला के दौरान विशेषज्ञों द्वारा बाल कैंसर की पहचान एवं उपचार, न्यूट्रोपेनिक फीवर का प्रबंधन, पोषण संबंधी देखभाल, रक्त एवं...
बोइंग का नया 'स्टारलाइनर' अंतरिक्षयान छह दिन पहले ही रविवार को धरती पर लौट आया। नासा और अंतरिक्ष प्रौद्योगिकी क्षेत्र की दिग्गज कंपनी ने इस बात की पुष्टि की है। घड़ी में समस्या आने की वजह से यह अंतरिक्षयान पूर्व नियोजित ढंग से अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष केंद्र पर नहीं उतर सका। मानवरहित स्टारलाइनर अंतरिक्ष यान न्यू मैक्सिको की व्हाइट सैंड्स मिसाइल रेंज में स्थानीय समयानुसार रविवार सुबह 5.47 बजे उतरा। बोइंग के इंजीनियरों ने प्रशांत महासागर के ऊपर उतारने के लिए इसकी प्रोग्रामिंग की थी।
पैराशूट ने उतरने की गति को धीमा किया और रेगिस्तान में इसकी लैंडिंग को आरामदेह बनाने के लिए विशाल एयरबैग लगाया गया था। स्टारलाइनर के इस अंतरिक्षयान को शुक्रवार को फ्लोरिडा के केप कैनवेरल से प्रक्षेपित किया गया था, लेकिन अपने एटलस वी प्रक्षेपण रॉकेट से अलग होने के कुछ ही देर बाद इसके प्रक्षेपक योजना के मुताबिक सक्रिय नहीं हो पाए, जिससे वह अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष केंद्र तक पहुंचने के लिए ऊंची कक्षा तक नहीं जा पाया।
पैराशूट ने उतरने की गति को धीमा किया और रेगिस्तान में इसकी लैंडिंग को आरामदेह बनाने के लिए विशाल एयरबैग लगाया गया था। स्टारलाइनर के इस अंतरिक्षयान को शुक्रवार को फ्लोरिडा के केप कैनवेरल से प्रक्षेपित किया गया था, लेकिन अपने एटलस वी प्रक्षेपण रॉकेट से अलग होने के कुछ ही देर बाद इसके प्रक्षेपक योजना के मुताबिक सक्रिय नहीं हो पाए, जिससे वह अंतरराष्ट्रीय अंतरिक्ष केंद्र तक पहुंचने के लिए ऊंची कक्षा तक नहीं जा पाया।
बोइंग को एक और झटका
स्टारलाइनर की यह विफलता बोइंग को एक और झटका है, जो अपने 737 मैक्स विमानों के दो घातक हादसों से अब तक नहीं उबर पाया है। ये हादसे अक्तूबर, 2018 में इंडोनेशिया और मार्च, 2019 में इथियोपिया में हुए थे, जिसमें 346 लोगों की मौत हुई थी। अंतरिक्ष प्रौद्योगिकी कंपनी जनवरी से इन विमानों का निर्माण बंद करने की योजना बना रही है।
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